ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा को और स्वच्छ बनाने की दिशा में प्राधिकरण ने एक खास पहल की है। जन स्वास्थ्य विभाग से जुड़े अधिकारियों व कर्मचारियों को वॉकी-टॉकी दिया जा रहा है। ये वॉकी-टॉकी सीईओ व एसीईओ के पास भी होंगे। ये वॉकी-टॉकी ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण आ चुके हैं। इससे गंदगी को लेकर आने वाली शिकायतों को शीघ्र निस्तारित करने में मदद मिलेगी।
प्राधिकरण की एसीईओ मेधा रूपम ने बताया कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने कुल 60 वॉकी-टॉकी मंगवाए हैं। ये वॉकी-टॉकी सीईओ, एसीईओ, ओएसडी, वरिष्ठ प्रबंधक, प्रबंधक, व सुपरवाइजरों को दिए जा रहे हैं। इनका प्रभावी ढंग से इस्तेमाल करने के लिए एक सप्ताह का प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि वॉकी-टॉकी से गंदगी से जुड़ी शिकायत मिलने पर सफाईकर्मियों तक शीघ्र मैसेज पहुंचाना आसान हो जाएगा। सुपरवाइजरों को सीधे तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए जा सकेंगे। वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में होने के कारण इन षिकायतों का शीघ्र निस्तारण भी हो सकेगा।



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