स्वच्छता और कचरा न जलाने के प्रति कबाड़ी एवं कचरा बीनने वाले श्रमिकों को किया जागरूक,प्लास्टिक एवं अन्य प्रकार के कचरे को जलाने से होने वाले दुष्प्रभावों के दी जानकारी।
संवाददाता जे एस सिसोदिया

ग्रेटर नोएडा। स्वच्छता को बढ़ावा देने और प्रदूषण को कम करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण कि लगातार प्रयास जारी हैं। मंगलवार को सहयोगी संस्था फीडबैक फाउंडेशन के साथ मिलकर राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान, ग्रेटर नोएडा के पास जागरूकता अभियान चलाया गया। कबाड़ी एवं कचरा बीनने वाले श्रमिकों को स्वच्छता, साफ-सफाई एवं कचरा न जलाने के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य श्रमिकों को व्यक्तिगत स्वच्छता के साथ-साथ अपने कार्यस्थल एवं आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता बनाए रखने और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना रहा। इस पहल से क्षेत्र में वायु प्रदूषण में कमी होगी और पर्यावरण स्वच्छ बना रहेगा।
जागरूकता सत्र के दौरान प्रतिभागियों को व्यक्तिगत स्वच्छता के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। उन्हें नियमित रूप से साफ-सफाई रखने तथा अपने आसपास कचरा एकत्र न होने देने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही, प्लास्टिक एवं अन्य प्रकार के कचरे को जलाने से होने वाले दुष्प्रभावों के बारे में विस्तार से बताया गया। प्रतिभागियों को अवगत कराया गया कि कचरा जलाने से निकलने वाला धुआं वायु प्रदूषण को बढ़ाता है और इसका प्रतिकूल प्रभाव मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण पर पड़ता है। उन्हें प्लास्टिक एवं अन्य कचरा नहीं जलाने तथा कचरे का उचित प्रबंधन एवं निस्तारण सुनिश्चित करने के लिए जागरूक किया गया।

कार्यक्रम में ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के वरिष्ठ प्रबंधक राम कुमार, प्रबंधक कनुप्रिया, सुपरवाइजर राजेश तथा फीडबैक फाउंडेशन के परियोजना प्रबंधक संजय शुक्ला सहित अन्य संबंधित प्रतिनिधि उपस्थित रहे। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की ओर से प्रतिभागियों से स्वच्छता बनाए रखने और कचरा जलाने से बचने की अपील की गई। इस प्रकार के जागरुकता कार्यक्रमों के माध्यम से स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त ग्रेटर नोएडा के निर्माण में जनसहभागिता को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है।




